Ram Mandir Donation Scam Ayodhya: अयोध्या के राम मंदिर में हुए चंदा चोरी मामले में पुलिस अब आरोपियों पर शिकंजा कसने के लिए बेहद सख्त कदम उठाने जा रही है। ट्रस्ट की जो भी रकम या सोना-चांदी आरोपियों ने गायब किया है, उसकी भरपाई अब उनकी निजी संपत्तियों को बेचकर की जाएगी। पुलिस भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा-107 के तहत यह कड़ा एक्शन लेगी। विवेचना के दौरान इस बात का पूरा आकलन किया जा रहा है कि मंदिर से जुड़ने के बाद किस आरोपी की जायदाद कितनी गुना बढ़ी है। इसके तहत चोरी के पैसे से बनाई गई संपत्तियों का पूरा ब्योरा जुटाया जा रहा है, ताकि ट्रस्ट के नुकसान की पूरी रिकवरी की जा सके।

अयोध्या का राम मंदिर। – फोटो
ड्यूटी न बदलने और मिलीभगत ने दिया चोरी को बढ़ावा
इस पूरे स्कैम के पीछे सबसे बड़ी वजह सुरक्षा और मैनेजमेंट की लापरवाही को माना जा रहा है। जहां मंदिर की सुरक्षा में तैनात पुलिस, एसएसएफ और सीआरपीएफ के जवानों की ड्यूटी हर 15 दिन में बदल दी जाती है, वहीं चढ़ावे की गिनती (गणना) करने वाले कर्मियों के साथ ऐसा नहीं था। पिछले एक-दो साल से वही पुराने कर्मचारी लगातार गिनती के काम में लगे हुए थे, क्योंकि उनकी ड्यूटी लगाने की जिम्मेदारी गणना इंचार्ज सुभाष और टिन्नू यादव के पास थी। इसी का फायदा उठाकर लंबे समय तक हेरफेर चलता रहा। इसके अलावा, कंट्रोल रूम के प्रभारी आरएमओ अर्जुन देव जो पिछले 17 साल से अयोध्या में तैनात थे, उनकी भूमिका की भी जांच की जा रही है कि कैमरों की निगरानी में यह बड़ी लापरवाही थी या फिर उनकी कोई मिलीभगत थी।

अयोध्या का राम मंदिर। – फोटो
पानी बेचने वाले अविनाश के पास मिले लाखों रुपये, ट्रैक्टर-जमीन खरीदने की थी तैयारी
इस मामले के मुख्य आरोपियों में से एक अविनाश शुक्ला के बारे में जांच के दौरान कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। राम मंदिर में मार्च 2025 से गणना के काम में जुटने से पहले अविनाश हनुमान गुफा के पास पानी बेचने का काम करता था। उसकी नौकरी श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के बड़े पदाधिकारियों से संपर्क के आधार पर लगी थी। सिर्फ 14 से 15 हजार रुपये महीने की सैलरी पाने वाले अविनाश के कमरे से पुलिस ने छापेमारी के दौरान दो बैगों में करीब 20 लाख रुपये बरामद किए हैं। वह हाल ही में नया मोबाइल खरीद चुका था और ट्रैक्टर लेने की प्लानिंग कर रहा था, जबकि उसका भाई जमीन खरीदने की तैयारी में था।

अयोध्या का राम मंदिर। – फोटो
पांच नए गणनाकर्मियों के नाम आए सामने, जनकपुर तक फैली चिंता
पुलिस की तफ्तीश जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, इस खेल में शामिल कई और चेहरे बेनकाब हो रहे हैं। अब तक पुलिस 50 से ज्यादा लोगों से पूछताछ कर चुकी है, जिसमें पांच नए गणनाकर्मियों और कुछ निजी सुरक्षाकर्मियों के नाम सामने आए हैं। सुबूतों की जांच के बाद इन नए आरोपियों की भी जल्द गिरफ्तारी हो सकती है।
दूसरी तरफ, राम मंदिर में चोरी की इस घटना से माता सीता के मायके यानी नेपाल के जनकपुर के लोग भी बेहद दुखी और चिंतित हैं। जानकी मंदिर के महंत राम तपेश्वर दास ने कहा है कि उन्होंने अपनी बेटी और दामाद के घर के लिए शिलान्यास के समय पांच किलो चांदी की ईंट समेत कई बहुमूल्य उपहार भेजे थे, और वहां ऐसी चोरी होना बेहद दुखद है। इस बीच, पुरवा से बीजेपी विधायक अनिल सिंह का भी एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने चोरों को कोसते हुए कहा है कि भगवान के घर में चोरी करने वालों को ईश्वर मौत और कैंसर जैसी भयानक सजा देंगे।Ram Mandir Donation Scam Ayodhya











