Skip to main content

श्रेष्ठ भारत (Shresth Bharat) | Hindi News

Ram Mandir Scam SIT Deadline: राम मंदिर घोटाला: SIT की डेडलाइन 15 जुलाई तक क्यों बढ़ी? ‘सिस्टम’ के उस बड़े खेल की इनसाइड स्टोरी!

Ram Mandir Scam SIT Deadline

Ram Mandir Scam SIT Deadline: अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मामले में उत्तर प्रदेश सरकार का एक प्रशासनिक फैसला इस वक्त सबसे बड़ी सुगबुगाहट का कारण बना हुआ है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद विशेष जांच टीम (SIT) की जांच अवधि को 15 दिन और बढ़ाकर 15 जुलाई कर दिया है।

अब सवाल यह उठता है कि जब 23 जून की शुरुआती रिपोर्ट के आधार पर एफआईआर दर्ज हो चुकी है और 8 मुख्य आरोपी जेल जा चुके हैं, तो फिर आखिर ऐसा क्या मिला है जिसकी वजह से एसआईटी को और समय की जरूरत पड़ी? साफ है कि जांच एजेंसियां अब सिर्फ यह नहीं देख रही हैं कि “पैसा किसने चुराया”, बल्कि उनका फोकस इस बात पर शिफ्ट हो चुका है कि “इस चोरी के बारे में किसे पता था और किसने आंखें मूंद रखी थीं।”

70 से 80 लोगों को नोटिस: क्या यह सिर्फ 8 लोगों का खेल था?

शुरुआती कार्रवाई में रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव (चंपत राय का पूर्व ड्राइवर), अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, मनीष यादव, अविनाश शुक्ला, करुणेश पांडे, रमाशंकर मिश्रा और सुभाष श्रीवास्तव की गिरफ्तारी हुई। लेकिन इसके तुरंत बाद एसआईटी ने करीब 70 से 80 लोगों को नोटिस थमा दिया।

इस रडार पर सिर्फ काउंटिंग स्टाफ नहीं है; बल्कि ट्रस्ट से जुड़े पुराने और मौजूदा पदाधिकारी, सुरक्षा कर्मचारी, बैंक अधिकारी और नोडल अफसर शामिल हैं। यह लंबी लिस्ट साफ इशारा करती है कि मंदिर परिसर के भीतर ‘चोरी का एक संगठित चक्रव्यूह’ चल रहा था।

SIT जांच के 3 सबसे बड़े और संवेदनशील ‘एंगल’

1. SBI का वो अलर्ट: 3 महीने पहले ही दी गई थी चेतावनी!

इस महाघोटाले का सबसे चौंकाने वाला पहलू भारतीय स्टेट बैंक (SBI) से जुड़ा है। जांच में सामने आया है कि एसबीआई ने करीब तीन महीने पहले ही ट्रस्ट को लिखित रूप में सचेत किया था कि चढ़ावे की गिनती में गंभीर विसंगतियां और गड़बड़ी हो रही है। बैंक ने कुछ संदिग्ध कर्मचारियों को वहां से तुरंत हटाने की आधिकारिक सलाह भी दी थी।

  • बड़ा सवाल: अगर बैंक का अलर्ट पहले से मौजूद था, तो ट्रस्ट के शीर्ष प्रबंधन ने उसे नजरअंदाज क्यों किया?
  • बैंक कर्मियों पर शक: इसी कड़ी में एसबीआई के दो कर्मचारियों—रत्नेश और गगनदीप—का नाम सामने आया है, जो कैश काउंटिंग की निगरानी टीम का हिस्सा थे। एसआईटी इनके बैंक खातों और कॉल डिटेल्स को खंगाल रही है कि कहीं इनकी भूमिका सिर्फ लापरवाही तक सीमित थी या फिर यह सिंडिकेट का हिस्सा थे।

2. 1600 CCTV कैमरे और आरएमओ का तबादला

राम मंदिर देश के सबसे संवेदनशील और हाई-सिक्योरिटी जोन में आता है, जहाँ 1600 से अधिक हाई-टेक सीसीटीवी कैमरे चौबीसों घंटे निगरानी करते हैं। इन कैमरों और सुरक्षा व्यवस्था के प्रबंधन की जिम्मेदारी आरएमओ (RMO) अर्जुन देव के पास थी, जो पिछले 17 सालों से अयोध्या में जमे हुए थे। एसआईटी इस बात से हैरान है कि इतनी अभेद्य सुरक्षा के बावजूद बेखौफ होकर बार-बार चोरी कैसे होती रही? इसी गंभीर चूक के चलते अर्जुन देव का तबादला कर दिया गया है और तकनीकी एक्सपर्ट्स डिलीट किए गए फुटेज और मोबाइल डेटा को रिकवर कर रहे हैं।

3. ट्रस्ट के बड़े चेहरों से घंटों पूछताछ

आंच अब केवल निचले कर्मचारियों तक सीमित नहीं है। एसआईटी ने पूर्व महासचिव चंपत राय, डॉ. अनिल मिश्रा और गोपाल राव से घंटों तक कड़े सवाल-जवाब किए हैं। हालांकि अभी तक इनके खिलाफ कोई सीधा अपराध साबित नहीं हुआ है, लेकिन जांच टीम यह समझना चाहती है कि करोड़ों रुपये के जन-सहयोग को संभालने वाली इस व्यवस्था में इतनी बड़ी सेंधमारी हो गई और शीर्ष नेतृत्व को इसकी भनक तक क्यों नहीं लगी।

एसआईटी की रडार पर ‘मनी ट्रेल’ और बेनामी संपत्तियां

अब तक की छापेमारी में लगभग ₹80 लाख की नकदी, विदेशी मुद्रा और सोना-चांदी बरामद हो चुका है। लेकिन एसआईटी को शक है कि असली घोटाला इससे कहीं बड़ा है।

  • जमीन और कमीशन नेटवर्क: पुलिस अब एसबीआई की अयोध्या शाखा में आरोपियों के खातों की फॉरेंसिक जांच कर रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि क्या चोरी के पैसों को अयोध्या और आसपास के इलाकों में बेनामी जमीन खरीदने या किसी प्रॉपर्टी सिंडिकेट में इन्वेस्ट करने के लिए इस्तेमाल किया गया था।
  • स्थानीय वकीलों का कड़ा रुख: इस मामले को लेकर जनआक्रोश का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अयोध्या और फैजाबाद बार एसोसिएशन ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पास किया है कि कोई भी स्थानीय वकील इन आरोपियों की पैरवी नहीं करेगा। ऐसा करने वाले वकील पर ₹5 लाख का जुर्माना और सदस्यता रद्द करने की कार्रवाई होगी। Ram Mandir Scam SIT Deadline

संबंधित खबरें

वीडियो

Latest Hindi NEWS

Himachal Monsoon
हिमाचल प्रदेश में मानसून से 197 लोगों की मौत, 1,000 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान; भारी बारिश के कारण 88 सड़कें अवरुद्ध
MP Bhind Road Accident
MP Bhind Road Accident: भिंड NH-719 पर मजदूरों से भरी पिकअप और डंपर की टक्कर, 8 की मौत; 25 से ज्यादा घायल
Mallikarjun Kharge
खड़गे का अमित शाह पर तंज, बोले- जब मैं विधायक बना तब वे बच्चे थे, आज हमें देशभक्ति सिखा रहे...
Ayodhya Ram Mandir Donation Theft Case
राम मंदिर चढ़ावा चोरी केस में SIT की रिपोर्ट दाखिल, 8 आरोपी नामजद; चंपत राय और अनिल मिश्रा को राहत
Jharkhand Student Protest
Jharkhand Student Protest: 24 दिन के आंदोलन के बाद झुकी सरकार, हेमंत सोरेन का ऐलान- JSSC-CGL समेत TDPL की सभी भर्ती प्रक्रियाएं रद्द
Twisha Sharma Death Case
दिल्ली AIIMS की फोरेंसिक रिपोर्ट में आत्महत्या की पुष्टि, शरीर पर नहीं मिले हमले के निशान; CBI चार्जशीट में पति-सास पर दहेज हत्या का आरोप