Raja Raghuvanshi Murder Case: सुप्रीम कोर्ट ने राजा रघुवंशी हत्याकांड की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी की जमानत पर रोक लगाने से साफ इनकार कर दिया है। मेघालय के सोहरा में साल 2025 में हुए इस चर्चित ‘हनीमून मर्डर केस’ में सुप्रीम कोर्ट की वेकेशन बेंच ने शुक्रवार को यह फैसला सुनाया। कोर्ट ने मेघालय सरकार की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें सोनम की जमानत पर तुरंत अंतरिम रोक लगाने की मांग की गई थी।
जस्टिस एमएम सुंदेश और जस्टिस शील नागू की बेंच ने कहा कि चूंकि आरोपी पहले ही जेल से बाहर आ चुकी है, इसलिए इस समय उसकी रिहाई के आदेश में दखल देना सही नहीं होगा। कोर्ट ने सोनम को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है कि आखिर क्यों न उनकी जमानत को पूरी तरह रद्द कर दिया जाए। सुप्रीम कोर्ट ने अब इस केस की अगली सुनवाई 9 जुलाई 2026 को तय की है। (Raja Raghuvanshi Murder Case)
Raja Raghuvanshi Murder Case: कोर्ट रूम में दोनों पक्षों की दलीलें
मेघालय सरकार की तरफ से पेश हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि यह एक बेहद चौंकाने वाला और पूर्व नियोजित मर्डर है। उन्होंने दलील दी कि हाई कोर्ट ने पुलिस दस्तावेजों में हुई मामूली टाइपिंग या तकनीकी गलती के आधार पर आरोपी को जमानत दे दी, जबकि अपराध बेहद गंभीर है। सरकार ने सोनम के देश से फरार होने की आशंका भी जताई।
बेंच ने मौखिक रूप से माना कि प्रथम दृष्टया वे हाई कोर्ट के तर्कों से पूरी तरह सहमत नहीं हैं, क्योंकि यह ऐसा मामला नहीं है, जहां आरोपी को उसकी गिरफ्तारी के पुख्ता आधार न बताए गए हों। हालांकि, कोर्ट ने यह भी कहा कि अपराध चाहे कितना भी गंभीर हो, ‘जमानत एक नियम है और जेल एक अपवाद’। (Raja Raghuvanshi Murder Case)
क्या है पूरा मामला?
इंदौर के 29 वर्षीय ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की शादी 11 मई 2025 को सोनम रघुवंशी (25) के साथ हुई थी। शादी के बाद दोनों ने पहले कश्मीर जाने का प्लान बनाया था, लेकिन बाद में वे मेघालय घूमने चले गए। कपल 21 मई 2025 को मेघालय के शिलांग पहुंचा और वहां से सोहरा (चेरापुंजी) के एक होमस्टे में रुका। 23 मई 2025 को दोनों सोहरा क्षेत्र में घूमने निकले और उसके बाद से ही रहस्यमय तरीके से लापता हो गए।
पुलिस, NDRF, SDRF और स्थानीय ट्रेकर्स ने कई दिनों तक जंगलों और खाइयों में बड़ा सर्च ऑपरेशन चलाया। घटना के करीब एक हफ्ते बाद, 2 जून 2025 को सोहरा के प्रसिद्ध वेई सावदोंग फॉल्स के पास एक गहरी खाई से राजा रघुवंशी का क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया कि उनके सिर पर किसी धारदार हथियार से वार किया गया था। (Raja Raghuvanshi Murder Case)
प्रेमी और तीन सुपारी किलर्स के साथ रची गई हत्या की साजिश
शुरुआत में इसे एक हादसा या अपहरण का मामला माना जा रहा था, लेकिन पुलिस जांच में जो सच सामने आया उसने सबको चौंका दिया। पुलिस जांच के अनुसार, राजा की पत्नी सोनम रघुवंशी ही इस पूरे हत्याकांड की मास्टरमाइंड निकली। सोनम का मध्य प्रदेश में उसके भाई की फर्म में काम करने वाले राज सिंह कुशवाहा नाम के युवक के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था।
सोनम और राज कुशवाहा ने मिलकर राजा को रास्ते से हटाने के लिए तीन कॉन्ट्रैक्ट किलर्स (विशाल सिंह चौहान, आकाश सिंह राजपूत और आनंद कुर्मी) को काम पर रखा। जब राजा और सोनम हनीमून पर वेई सावदोंग फॉल्स के पास एकांत जगह पर पहुंचे, तो वहां पहले से मौजूद सुपारी किलर्स ने सोनम की मौजूदगी में राजा की हत्या कर दी और शव को गहरी खाई में फेंक दिया। (Raja Raghuvanshi Murder Case)
घटना के बाद सोनम कई दिनों तक रही लापता
घटना के बाद सोनम कई दिनों तक लापता रही। 8 जून 2025 को उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में वाराणसी-गाजीपुर हाईवे पर स्थित एक ढाबे के पास उसे ट्रैक किया गया और अगले दिन गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने प्रेमी राज कुशवाहा और तीनों शूटरों सहित कुल 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
कुछ समय पहले शिलॉन्ग की एक निचली अदालत ने तकनीकी खामियों के आधार पर मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को जमानत दे दी थी, जबकि प्रेमी राज कुशवाहा की जमानत याचिका खारिज हो गई थी। पुलिस और मेघालय सरकार ने इस जमानत को रद्द कराने के लिए मेघालय हाई कोर्ट में अपील की। हालांकि, हाई कोर्ट ने पाया कि पुलिस ने गिरफ्तारी के दस्तावेजों में हत्या की धारा (BNS 103(1)) की जगह गलती से ‘गलत संपत्ति के इस्तेमाल’ की धारा (403(1)) दर्ज कर दी थी। (Raja Raghuvanshi Murder Case)
शिलांग कोर्ट में जारी है ट्रायल, राजा के भाई विपिन रघुवंशी बने मुख्य गवाह
इस प्रक्रियात्मक चूक और लापरवाही को आधार मानकर हाई कोर्ट ने सोनम की जमानत बरकरार रखी। हाई कोर्ट के इस फैसले से नाराज राजा रघुवंशी के परिवार और मेघालय सरकार ने तुरंत सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। फिलहाल, सुप्रीम कोर्ट ने अपने पति राजा रघुवंशी की हत्या की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को मिली जमानत पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है। शिलांग की अदालत में इस मर्डर केस का ट्रायल लगातार जारी है, जिसमें राजा के भाई विपिन रघुवंशी मुख्य गवाह के तौर पर गवाही दे रहे हैं।











