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सुलतानपुर में BJP की हैट्रिक का सपना चकनाचूर , मेनका गांधी की करारी हार

भाजपा से पूर्व मंत्री मेनका गांधी मेनका गांधी को बड़ा झटका लगा है। सपा से पूर्व मंत्री रामभुआल निषाद उन्हें करारी शिकस्त दी है। इस सीट से इंडी गठबंधन के प्रत्याशी रामभुआल 43174 से विजयी हुए...
Maneka Gandhi

Lok Sabha Election 2024: सुलतानपुर लोकसभा सीट से भाजपा से पूर्व मंत्री मेनका गांधी मेनका गांधी को बड़ा झटका लगा है। सपा से पूर्व मंत्री रामभुआल निषाद उन्हें करारी शिकस्त दी है। इस सीट से इंडी गठबंधन के प्रत्याशी रामभुआल 43174 से विजयी हुए। जहां सपा प्रत्याशी ने 444330 वोट पाया वहीं मेनका 401156 मतों पर सिमटकर रह गईं और इसी के साथ सुलतानपुर लोकसभा सीट से भाजपा की हैट्रिक का सपना भी अधूरा रह गया।

वहीं, सुलतानपुर में मेनका गांधी सरकार की योजनाओं, अपने कार्यों, विकास, शांति एवं सुरक्षा और क्षेत्र में सक्रियता के दावे कर मतदाताओं का समर्थन हासिल करने में असफल रहीं। जबकि रामभुआल निषाद (Rambhual Nishad) बेरोजगारी, महंगाई और जिले में विकास ठहरा का वादा करके जनता का दिल जीत लिया।

बता दें, संजय मेनका गांधी ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत 1984 में की थी। कांग्रेस से टिकट नहीं मिलने पर मेनका गांधी ने बगावती तेवर अपना लिए और अपने जेठ राजीव गांधी के खिलाफ निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर चुनाव मैदान में उतर गईं। उस चुनाव में उन्हें सुल्तानपुर जिले का हिस्सा रही अमेठी की जनता ने नकार दिया।

1988 में मेनका गांधी ने जनता दल का दामन थाम लिया। पीलीभीत (Lok Sabha Election 2024) को अपना राजनीतिक ठिकाना बनाया। जनता दल के टिकट पर वे पहली बार पीलीभीत से सांसद बनीं, लेकिन इसके बाद अगले ही चुनाव में 1991 की रामलहर में एक बार फिर उन्हें पराजय का सामना करना पड़ा। 1996 में वे फिर पीलीभीत से लड़ीं और चुनाव जीतीं, इसके बाद 2019 तक लगातार चुनाव जीतती रहीं।

यह भी पढ़ें- काशी में PM मोदी की बंपर जीत, कांग्रेस के अजय राय को 1.52 लाख वोटों से

2019 में मिली थी मेनका को जीत

इस दौरान उन्होंने भाजपा का दामन थामा और निरंतर जीततीं रहीं। जीत के इसी क्रम में सुल्तानपुर संसदीय सीट पर उन्हें 2019 में जीत तो हासिल हुई लेकिन करीब 14 हजार वोटों की बढ़त ने उनकी जीत का स्वाद कसैला कर दिया था। इस बार उन्हें भारी जीत की उम्मीद थी, लेकिन सुल्तानपुर की जनता ने उन्हें एक बार फिर जीत से वंचित कर दिया।

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