Skip to main content

श्रेष्ठ भारत (Shresth Bharat) | Hindi News

ज्ञानवापी, मथुरा और संभल विवाद: SC की मध्यस्थता पहल पर दोनों पक्षों का इंकार, अब अदालत में ही होगी कानूनी लड़ाई

Gyanvapi Mosque Case

Gyanvapi Mosque Case: सुप्रीम कोर्ट ने देश के तीन सबसे संवेदनशील और हाई-प्रोफाइल धार्मिक मामलों वाराणसी का ज्ञानवापी मस्जिद विवाद, मथुरा का श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह विवाद और संभल का शाही जामा मस्जिद विवाद को आपसी सहमति और बातचीत से हल करने के लिए ‘समाधान’ विशेष लोक अदालत में भेजने का फैसला किया है।

Gyanvapi Mosque Case: सुप्रीम कोर्ट की मध्यस्थता पहल पर दोनों पक्षों का इंकार

यह विशेष लोक अदालत सुप्रीम कोर्ट परिसर में 21, 22 और 23 अगस्त 2026 को आयोजित की जाएगी। मुख्य लोक अदालत से पहले वाराणसी के ज्ञानवापी मामले को लेकर 14 जुलाई 2026 को शुरुआती बातचीत का समय तय किया गया है। इससे पहले 5 जुलाई को मथुरा मामले पर भी ऐसी ही एक कोशिश की गई थी।

इस पहल का मकसद दशकों पुरानी लंबी कानूनी लड़ाई के बजाय दोनों पक्षों को आमने-सामने बिठाकर मध्यस्थता और सौहार्दपूर्ण समझौते का रास्ता तलाशना है। हालांकि सुप्रीम कोर्ट की इस ऐतिहासिक मध्यस्थता पहल को बड़ा झटका लगा है क्योंकि दोनों पक्षों ने इसमें शामिल होने से इनकार कर दिया है। (Gyanvapi Mosque Case) 

ज्ञानवापी से मथुरा तक: मध्यस्थता नहीं, कोर्ट का फैसला चाहते हैं दोनों पक्ष

हिंदू याचिकाकर्ताओं और तीनों मस्जिदों की प्रबंधन समितियों ने कोर्ट और विधिक सेवा प्राधिकरणों को सूचित किया है कि वे इस बातचीत में शामिल होने के इच्छुक नहीं हैं। दोनों पक्षों का कहना है कि वे किसी समझौते के बजाय नियमित अदालती कार्यवाही और कानूनी लड़ाई के माध्यम से ही कोर्ट का अंतिम फैसला चाहते हैं।

हिंदू पक्ष (श्री कृष्ण जन्मभूमि ट्रस्ट) ने पहले मस्जिद के बदले दूसरी जगह जमीन देने का प्रस्ताव रखा था, लेकिन मुस्लिम पक्ष ने इस मध्यस्थता प्रक्रिया को ठुकराते हुए नियमित सुनवाई की मांग की है। तीनों ही मामले हिंदू पक्ष के इस दावे पर आधारित हैं कि उत्तर प्रदेश की इन ऐतिहासिक मस्जिदों का निर्माण प्राचीन हिंदू मंदिरों को तोड़कर किया गया था। (Gyanvapi Mosque Case) 

ज्ञानवापी-मथुरा-संभल विवाद

हिंदू पक्ष का दावा है कि इसे 16वीं शताब्दी के मूल काशी विश्वनाथ मंदिर को ध्वस्त करके बनाया गया था।वर्तमान में इसमें एएसआई सर्वे और पूजा के अधिकार को लेकर मामले चल रहे हैं। श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह (मथुरा) का दावा है कि 13.37 एकड़ के परिसर में बनी शाही ईदगाह मस्जिद ठीक उसी कारागार (गर्भगृह) के ऊपर बनी है, जहाँ भगवान कृष्ण का जन्म हुआ था। (Gyanvapi Mosque Case) 

शाही जामा मस्जिद (संभल) में शुरू हुए इस विवाद में हिंदू याचिकाकर्ताओं का दावा है कि यह मुगलकालीन मस्जिद प्राचीन हरिहर मंदिर के स्थान पर बनाई गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इन संवेदनशील मामलों में शांति और सद्भाव बनाए रखने के उद्देश्य से यह पहल की थी, लेकिन पक्षकारों की असहमति के कारण अब इस विवाद का हल नियमित अदालती सुनवाई से ही निकलने की उम्मीद है।



संबंधित खबरें

वीडियो

Latest Hindi NEWS

Gyanvapi Mosque Case
ज्ञानवापी, मथुरा और संभल विवाद: SC की मध्यस्थता पहल पर दोनों पक्षों का इंकार, अब अदालत में ही होगी कानूनी लड़ाई
Vietnam Speedboat Tragedy
वियतनाम स्पीडबोट हादसा: विशेष विमान से मुंबई पहुंचे 15 भारतीयों के शव, गृह राज्यों में होगा अंतिम संस्कार
Ram Mandir CEO Vacancy
राम मंदिर ट्रस्ट में CEO की भर्ती प्रक्रिया शुरू, 18 जुलाई तक कर सकते हैं अप्लाई; जानें क्या है पूरी प्रक्रिया?
Ayodhya Ram Mandir Donation Case
राम मंदिर दान गबन केस: आठों आरोपियों की न्यायिक रिमांड 14 दिन बढ़ी, सुप्रीम कोर्ट ने भी मांगा जवाब
Uddhav Thackeray Support to CJP Protest
NEET पेपर लीक पर वांगचुक के समर्थन में उतरे उद्धव ठाकरे, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की उठाई मांग; 20 जुलाई के संसद मार्च में होंगे शामिल
Varanasi Job Scam
25 हजार रुपये वेतन का लालच... 35 हजार की फीस वसूली, वाराणसी में फर्जी कंपनी बनाकर नौकरी घोटाला; सरगना समेत 19 गिरफ्तार