Delhi News: दिल्ली में आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल की मुश्किलें बढ़ना शुरू हो गई हैं। केंद्रीय सतर्कता आयोग (CVC) ने बीजेपी के ‘शीशमहल’ के आरोपों को लेकर विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं। इस मामले में नवंबर से ही CVC के आदेश पर जांच चल रही थी। दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के आवास के नवीनीकरण और विलासिता पर हुए खर्च की जांच के आदेश दिए हैं। यह जांच केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) द्वारा की जाएगी।
अरविंद केजरीवाल के आवास पर विवाद
इस मामले में विवाद तब शुरू हुआ जब भाजपा नेता विजेंद्र गुप्ता ने अरविंद केजरीवाल के आवास पर अवैध निर्माण के संबंध में केंद्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) में शिकायत दर्ज कराई। गुप्ता ने आरोप लगाया कि केजरीवाल ने अपने आवास पर शानदार सुविधाओं पर करदाताओं के करोड़ों रुपये खर्च किए।
सीवीसी की जांच
सीवीसी ने इस मामले में जांच के आदेश दिए हैं। सीपीडब्ल्यूडी द्वारा एक तथ्यात्मक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के बाद यह जांच की जाएगी। सीवीसी ने आश्वासन दिया है कि तथ्यात्मक रिपोर्ट के आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
विजेंद्र गुप्ता की शिकायत
विजेंद्र गुप्ता ने अपनी शिकायत में कहा कि अरविंद केजरीवाल ने अपने आवास पर शानदार सुविधाओं पर करदाताओं के करोड़ों रुपये खर्च किए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि केजरीवाल ने अपने आवास पर अवैध निर्माण किया है। इस मामले में कई महत्वपूर्ण मुद्दे हैं। सबसे पहले, यह मामला अरविंद केजरीवाल के आवास पर हुए खर्च की जांच से संबंधित है। दूसरा, यह मामला अवैध निर्माण और करदाताओं के पैसे के दुरुपयोग से संबंधित है। तीसरा, यह मामला सीवीसी की जांच और उचित कार्रवाई से संबंधित है।










